श्री श्रीयादे माताजी मंदिर (कुम्भ महोत्सव) 12 वां वार्षिकोत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया

श्री श्रीयादे माताजी मंदिर (कुम्भ महोत्सव) 12 वां वार्षिकोत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया

संतो की प्रेरणा से ही संगठित समाज का निर्माण

भक्त शिरोमणि श्री श्रीयादे माताजी वार्षिकोत्सव मैं उमड़ा जन सैलाब

हिन्द सागर,राजूराम प्रजापति, बेंगलुरू: श्री प्रजापत समाज कर्नाटक ट्रस्ट बेंगलुरू काॅटनपेट की ओर से भक्त शिरोमणी श्री श्रीयादे माताजी 12 वी वर्षगांठ (कुम्भ महोत्सव) पर दो दिवसीय महोत्सव हर्षोल्लास से संपन्न हुआ। आयोजन आज सुबह सात बजे श्रीयादे माताजी मंदिर शिखर पर अमर ध्वजा के लाभार्थी बाबूलाल हाटवा परिवार ने ढोल नगाड़े गाजे बाजे माताजी के जयकारो के साथ ध्वजा चढ़ाई। शिखर पर कलश पूजन गुलाबराम उटेलिया परिवार ने लाभ उठाया श्री श्रीयादे माताजी मंदिर के पट खोलने के बाद सभी देवी, देवताओं, की पूजा-अर्चना लाभार्थियों परिवार द्वारा विधि विधान द्वारा कराया गया। मराठा हॉस्टल चामराजपेट प्रांगण मैं पारम्परिक राजस्थानी वेषभूषा के साथ हजारों की संख्या में महिला व पुरुषों की उपस्थिति से मैले जैसा माहौल का वातावरण बन गया। संत श्री श्री 1008 श्री हुकम भारतीजी महाराज संत सिरोमणी राजयोगी श्री श्री 1008 निर्मलनाथजी महाराज, श्री श्री 1008 श्री आयश पीर वक्तावर वन जी महाराज, भोपाजी भोलाराम के पावन सान्निध्य में प्रजापत समाज की सभी संस्थाओं और बाहर से पधारे सभी संस्थाओं के पदाधिकारीओं का साफा, स्मृति चिन्ह, पत्रिका बुक, देकर संस्था द्वारा सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि पी. सी. मोहन, दिनेश गुंडूराव, कुमारपाल जैन, अखिल भारतीय एकता मंच के उदय कुमार सिंह,महेंद्र मुणोत, स्थानीय कॉरपोरेटर प्रमोद का साफा, माला, दुपट्टा, स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। बैंगलोर कर्नाटक कि सभी संस्थाओ ने बढ चढ कर भाग लिया (कुम्भ) महोत्सव को सफल बनाया। इसके साथ ही हैदराबाद, चैन्नई, कोयंबटूर, सेलम, मैसुरु, हासन, टुमकुर के भी प्रजापत समाज के पदाधिकारीयो को सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में बैंगलुरु मध्य सांसद पिसी मोहन ने खुशि जताई कि प्रजापत समाज के लोग व्यापार मे आगे बढते हुए हमारे साथ भी राजनितिक सहयोग मे भी आगे रहते हैं। और कहा कि आपने ही (राजस्थानी समुदाय) ने ही मुझे दो बार सांसद बनाया है। राजस्थान कि रंग बिरंगी पगडियो और पारंपरिक वेशभूषा देखकर कहा कि एकाएक विश्वास भी नहीं होता कि हम बेंगलुरू मे है या राजस्थान मे है और प्रजापत समाज के लिए हर संभव मदद करने का आश्वासन भी दिया। गांधिनगर से कांग्रेस के विधायक दिनेश गुंडुराव ने भी भारत कि अनेकता मे एकता कि मिशाल देते हुए कहा कि रंगबिरंगे फूलो के इस गुच्छ मे प्रजापत समाज भी एक सुन्दर फुल है। और प्रजापत समाज के लिए हर समय संभव मदद को तैयार रहने कि बात कहि। नवयुवक मंडल और महिला मंडल ने हर जिम्मेदारी को निभाते हुए इस आयोजन को सफल बनाया। विभिन्न समाजिक संगठनो के प्रतिनिधियों का माला साफा, दुपट्टा, स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। महोत्सव कार्यक्रम में सभी बोलियों के लाभार्थियों का साफा, दुपट्टा, पत्रिकाबुक, स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया और प्रतिभा सम्मान समारोह में मेधावी छात्रः छात्राओं को प्रशस्ति पत्र, स्मृति चिन्ह, मेडल देकर सम्मानित किया गया और उज्जवल भविष्य की कामना कि जिसे से समाज मे एक अच्छा संदेश गया। महिला मंडल, नवयुवक मंडल, अन्य समितियों को सम्मानित किया गया। कर्नाटक से अलग अलग शहरों से बड़ी संख्या लोग अपने परिवार के साथ इस सम्मलेन में उपस्थित हुए महाप्रसादी का लाभ लिया। संस्था के अध्यक्ष मनदलाल कपुरपरा ने विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा की अपनी संस्कृति को कभी नही भूलना चाहिए हमे गर्व है कि हमारी जन्म भूमि राजस्थान है जिसकी पहचान ही संस्कृति है मंच संचालन मदनलाल रावरीया ने किया कार्यकारिणी कमेटी प्रधान गुलाबराम ऊटेलिया, उपप्रधान रामलाल लूणीया, अध्यक्ष मदनलाल कपूरपरा, उपाध्यक्ष बाबूलाल हाटवा, कोषा अध्यक्ष रतनलाल ब्रान्दणा, सचिव कुनाराम साडीवाल, उप सचिव जगदीश भ्रांदणा, सूचना मंत्री भरत कुमार पडीहार, उप सूचना मंत्री प्रतापराम चंदवारिया, भूपेंद्र कुमार भदेरा, अन्य सदस्य उपस्थित रहे।